बेकाबू धडकनों को कुछ तो काबू में कर ए दिल नादान

अभी तो सिर्फ पलकें झुकाई है ,कातिल मुस्कान तो अभी भी बाकी है….

जिनकी चाहत दिल मैं थी,

जुदाई अब हम उनकी सहते हैं,
♥इस कदर गम ने हमे लूटा हे आँसू तक ने हमारा साथ छोड़ा है सभी है बेदर्द यहाँ ज़माने में जिसे दिल मे बसाया उसी ने दिल तोड़ा हे ..open
उतर के देख मेरी चाहत की गहराई में ! सोचना मेरे बारे में रात की तन्हाई में ! अगर हो जाए मेरी चाहत का एहसास तुम्हे ! तो मिलेगा मेरा अक्स तुम्हे अपनी ही परछाई में ..open
इस दिल को किसी की आस रहती है, निगाहों को किसी सूरत की प्यास रहती है, तेरे बिना किसी चीज़ की कमी तो नही, पर तेरे बेगैर जिन्दगी बड़ी उदास रहती है ..open

♥फ़िज़ा मे महकती शाम हो तुम प्यार मे कहकता जाम हो तुम तुम्हे दिल मे छुपाए फिरते हे ए दोस्त मेरी ज़िंदगी का दूसरा नाम हो तुम ..open
♥इबादतो की तरह में ये काम करती हू सबसे पहले तुम्हे याद करती हू खुदा ने दिया हे यह इश्क़ का नूर यॅ सलतनत मैं तुम्हारे नाम करती हू ..open
♥गुम रहा जब तक के दुन में दुन रहा दिल के जाने का निहायत गम रहा मेरे रोने की हक़ीकत जिसमे थी एक मुद्दत तक वो कागज नाम रहा ..open

न थी जिसको मेरे प्यार की कदर, इत्तेफ़ाक़ से उसी को छह रहा था मैं, उसी दिए ने जलाया मेरे हाथों को, जिसको हवा से बचा रहा था मैं ..open
मुझसे नफरत ही करनी है तो इरादे मजबूत रखना; जरा से भी चूक हुई तो मोहब्बत हो जायेगी। ..open
♥गीले काग़ज़ की तरह ज़िंदगी अपनी कोई जलाता नही और बहाता भी नही इस कदर अकेले हो गये हैं आज कल कोई सताता भी नही और मनाता भी नही ..open

हम मानते है की अक्सर मुझे फुर्सत नहीं मिलती, मगर ए हसीना ये भी ज़रा सोचो, तुम्हें जब याद करते है तो सारा ज़माना भी भूल जाते है…. तुझ से न मिलने की कसम खा कर भी साथिया.. दुनिया की हर राह में तुझे बहुत ढूंढा बहुत मैंने… ..open
कोई कहता है प्यार नशा बन जाता है; कोई कहता है प्यार सज़ा बन जाता है; पर प्यार करो अगर सच्चे दिल से; तो प्यार जीने की वजह बन जाता है। ..open
♥इश्क़ कर देता हे बेकरार भर देता हे पत्थर के दिल में प्यार' हर एक को नही मिलती ज़िंदगी की ये बाहर क्यूकी इश्क़ का दूसरा नाम हे इंतेज़ार ..open

♥इबादतो की तरह में ये काम करती हू सबसे पहले तुम्हे याद करती हू खुदा ने दिया हे यह इश्क़ का नूर यॅ सलतनत मैं तुम्हारे नाम करती हू ..open

आप को पाकर अब खोना नहीं चाहते इतना खुश होकर अब रोना नहीं चाहते ये आलम है हमारा आप की जुदाई में आँखों में है नींद पर सोना नहीं चाहते

..open
♥हर घड़ी सोचते हे भलाई तेरी सुन नही सकते बुराई तेरी हस्ते हस्ते रो पड़ती है आँखें मेरी इस तरह से सहते हे जुदाई तेरी ..open

♥हर तरफ यादो का शमा हे तेरा प्यार आज भी मेरे दिल मे जवा हे और तो सब कुछ मिल गया मुझे, ज़िंदगी में मगर तेरे प्यार को आज भी तरसे ये जिस्म और जाँ है ..open
ज़िंदगी दी हे खुदा तूने अब जीने का हुनर दे, जो बक्शे हे पैर तो तोहफा-इ-सफर दे, ज़ुबा तो बक्श दी तूने मुझे पर, अब मेरी दुआओ में असर दे…. ..open
♥फास्लो से इंतेज़ार बड़ा करता हे इंतेज़ार से प्यार ना बड़ा करता हे सारी ज़िंदगी खुदा से सजदा करो तब जा के तुम्हारे जैसा यार मिला करता हे ..open

हमने सुना हैं की मासूम दुआओं की कोई भी कीमत नहीं होती, फिर भी आजकल कारोबार खूब चलता हैं इसका ….. वक़्त अच्छा हो तो आपकी बड़ी गलती भी छोटा सा मज़ाक लगती है और वक़्त खराब हो तो छोटा मज़ाक भी बड़ी गलती बन जाती हैं…. ..open
♥हर घड़ी सोचते हे भलाई तेरी सुन नही सकते बुराई तेरी हस्ते हस्ते रो पड़ती है आँखें मेरी इस तरह से सहते हे जुदाई तेरी ..open

अपनी राय अवश्य दे X