कितनी मासूम तमन्ना है नाम अपना तेरी आ

कितनी मासूम तमन्ना है

नाम अपना तेरी आवाज़ में सुनूँ

ख्वाब लफ़्ज़ों में ढल नहीं सकते काश आँख

ख्वाब लफ़्ज़ों में ढल नहीं सकते

काश आँखें पढ़ा करे कोई

तेरी कमी खलती रहती है सदा, एक बे नाम

तेरी कमी खलती रहती है सदा,

एक बे नाम तस्वीर की तरह.

राब्ते में थोड़े कमज़ोर है हम लेकिन ताअ

राब्ते में थोड़े कमज़ोर है हम

लेकिन ताअल्लुक़ नहीं टूटे गा भरोसा रखना

सुनो क्या तुम भी याद करते हो इस तरह म

सुनो क्या तुम भी याद करते हो इस तरह

मसल्सल चल रही है साँस जिस तरह

वो चैन से बैठे हैं मेरे दिल को मिटा कर

वो चैन से बैठे हैं मेरे दिल को मिटा कर

ये भी नहीं अहसास के क्या चीज़ मिटा दी